सीतापुर, उत्तर प्रदेश – सीतापुर जिले में पुलिस टीम पर जानलेवा हमला करने और डरा-धमकाकर रंगदारी/वसूली करने वाले एक गिरोह के 8 शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई 19-20 अगस्त 2026 की रात को थाना नैमिषारण्य पुलिस टीम द्वारा की गई। पुलिस ने अभियुक्तों के पास से 3 अवैध तमंचे, कारतूस और 10,500 रुपये नकद बरामद किए हैं।
पुलिस अधीक्षक सीतापुर श्री अंकुर अग्रवाल के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी मिश्रिख के नेतृत्व में थाना नैमिषारण्य पुलिस टीम ने अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत यह सफलता हासिल की। गिरफ्तार किए गए अभियुक्त पूर्व पंजीकृत मु0अ0सं0 141/2026 धारा 308(5), 3(5) BNS के वांछित थे।
पुलिस के अनुसार, 19 अगस्त 2026 की रात को बीबीपुर-अटवा रोड पर लेखनापुर गांव मोड़ के पास एक बाग में पुलिस टीम ने रणनीति बनाकर घेराबंदी की। झाड़ियों और पेड़ों की आड़ से पुलिस टीम को आगे बढ़ते देख अभियुक्तों ने ललकारा। पुलिस टीम द्वारा आत्मसमर्पण करने की चेतावनी देने पर अभियुक्तों ने जान से मारने की नियत से पुलिस बल पर फायर झोंक दिया। पुलिस टीम ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए घेराबंदी कर मौके से सभी 8 अभियुक्तों को हिरासत में ले लिया।
गिरफ्तार अभियुक्त और बरामदगी
गिरफ्तार अभियुक्तों में शामिल हैं:
- गोलू उर्फ आकिब पुत्र मंजू, निवासी औरंगाबाद, थाना नैमिषारण्य।
- शशीकान्त पुत्र पप्पू, निवासी फूलपुर झरिया, थाना नैमिषारण्य।
- प्रशान्त कुमार पुत्र राजाराम, निवासी ककरइया, थाना महोली।
- शिवांक पुत्र लेखराम, निवासी फूलपुर झरिया, थाना नैमिषारण्य।
- सुफियान पुत्र सत्तार खाँ, निवासी अटवा, थाना नैमिषारण्य।
- गुफरान पुत्र गफ्फार, निवासी अटवा, थाना नैमिषारण्य।
- विकास पुत्र रामलाल, निवासी औरंगाबाद, थाना नैमिषारण्य।
- शोएब उर्फ समीर उर्फ बाबा पठान पुत्र अजमल, निवासी औरंगाबाद, थाना नैमिषारण्य (वसूली गिरोह का मुख्य सूत्रधार व रेकीकर्ता)।
बरामदगी का विवरण:
- 01 अदद देशी तमंचा 315 बोर (नाल में फंसा 01 खोखा कारतूस व जेब से 01 जिंदा कारतूस 315 बोर) – अभियुक्त गोलू से।
- 01 अदद देशी तमंचा 315 बोर (नाल में फंसा 01 मिस फायर कारतूस व जेब से 01 जिंदा कारतूस 315 बोर) – अभियुक्त प्रशान्त से।
- 01 अदद देशी तमंचा .32 बोर (नाल में फंसा 01 जिंदा कारतूस व जेब से 01 जिंदा कारतूस .32 बोर) – अभियुक्त गुफरान से।
- कुल 10,500/- रुपये नकद (दिनांक 17.08.2026 को सत्यप्रकाश मौर्या से डरा-धमकाकर वसूले गए रुपयों में से बचे हुए हिस्से)।
पूछताछ और कानूनी कार्रवाई
कड़ाई से पूछताछ करने पर अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि वे अलग-अलग क्षेत्रों में लोगों की रेकी कर उन्हें डरा-धमकाकर पैसों की वसूली करते हैं। अभियुक्त शोएब उर्फ समीर निगरानी रखने और गिरोह को पुलिस की गतिविधियों से सतर्क करने का काम करता था। दिनांक 17.08.2026 की घटना के संबंध में मुकदमा दर्ज होने की जानकारी मिलने पर शोएब ही इन्हें बाहर भगाने के लिए वाहन की व्यवस्था कर रहा था। पकड़े जाने के डर से अभियुक्तों ने जानबूझकर अपने मोबाइल फोन साथ नहीं रखे थे।
गिरफ्तारी व बरामदगी के आधार पर थाना नैमिषारण्य पर निम्नलिखित धाराओं के तहत अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जा रही है:
- मु0अ0सं0 142/2026 धारा 109(1)/3(5) BNS एवं 25(1-b) आयुध अधिनियम (पुलिस टीम पर जानलेवा हमला एवं अवैध शस्त्र संचालन)।
- मु0अ0सं0 141/2026 धारा 308(5), 3(5) BNS में धारा 317(2) BNS की बढ़ोतरी की गई है।
- प्रकरण में अभियुक्त शोएब उर्फ समीर उर्फ बाबा पठान का नाम घटना के मुख्य षड्यंत्रकारी के रूप में प्रकाश में लाया गया है।
अभियुक्त गोलू उर्फ आकिब का आपराधिक इतिहास मु0अ0सं0- 104/2024 धारा 323,452,504,506 भादंवि है। अभियुक्त गुफरान का आपराधिक इतिहास मु0अ0सं0-153/2024 धारा 115(2),126(2) BNS है।



